बिजली विभाग की उदासीनता के बीच एसडीओ चन्दन जायसवाल व सभासद प्रतिनिधि रामप्रवेश भारती के प्रयास से रामचक के ग्रामीणों को मिली राहत
रुद्रपुर (देवरिया)। रुद्रपुर क्षेत्र के रामचक गांव में बिजली विभाग की लापरवाही एक बार फिर सामने आई। 9 जुलाई की शाम गांव का ट्रांसफार्मर खराब होने से पूरे गांव की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। अगले दिन भी विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे भीषण गर्मी और उमस के बीच ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। ट्रांसफार्मर की मरम्मत के बाद बिजली आपूर्ति बहाल हुई, लेकिन विभाग की मरम्मत की गुणवत्ता की पोल महज दो दिन में ही खुल गई। 12 जुलाई की भोर में वही ट्रांसफार्मर फिर खराब हो गया और पूरा गांव दोबारा अंधेरे में डूब गया।
सोमवार को भी विभाग की ओर से नया ट्रांसफार्मर उपलब्ध नहीं कराया गया। लगातार बिजली ठप रहने से इन्वर्टर जवाब दे गए, मोबाइल फोन बंद होने लगे, पानी की टंकियां सूख गईं और पेयजल संकट गहराने लगा। उमस भरी गर्मी में बच्चों, बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों की मुश्किलें लगातार बढ़ती रहीं। ग्रामीणों के सामने बिजली आपूर्ति बहाल कराने का संकट गहराता जा रहा था। इसी बीच विद्युत विभाग के एसडीओ चन्दन जायसवाल ने ग्रामीणों की समस्या का संज्ञान लेते हुए नगर पंचायत से मोबाइल ट्रांसफार्मर उपलब्ध कराने का अनुरोध किया। वहीं मस्जिद वार्ड के सभासद प्रतिनिधि रामप्रवेश भारती ने भी नगर पंचायत अध्यक्ष से मोबाइल ट्रांसफार्मर उपलब्ध कराने का आग्रह किया। दोनों के प्रयास पर नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि छट्ठेलाल निगम ने तत्काल मोबाइल ट्रांसफार्मर उपलब्ध कराया। सोमवार दोपहर बाद मोबाइल ट्रांसफार्मर स्थापित कर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई, जिससे तीन दिनों से बिजली संकट झेल रहे ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। ग्रामीणों ने एसडीओ चन्दन जायसवाल, सभासद प्रतिनिधि रामप्रवेश भारती तथा नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि छट्ठेलाल निगम के त्वरित सहयोग की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया। हालांकि, तीन दिन के भीतर दो बार ट्रांसफार्मर खराब होना और हर बार बिजली व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों को संकट झेलना बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। ग्रामीणों ने मांग की है कि रामचक गांव में जल्द से जल्द उच्च क्षमता का नया स्थायी ट्रांसफार्मर लगाया जाए, ताकि भविष्य में बार-बार इस तरह की समस्या का सामना न करना पड़े।


