15 दिन में समस्याओं का समाधान न हुआ तो भूख हड़ताल का ऐलान
रुद्रपुर (देवरिया)। पचलड़ी फीडर क्षेत्र की चरमराई विद्युत व्यवस्था, जर्जर उपकरणों और कर्मचारियों की भारी कमी को लेकर क्षेत्र के उपभोक्ताओं का आक्रोश खुलकर सामने आ गया है। वरिष्ठ पत्रकार चतुर्भुज शुक्ला के नेतृत्व में ग्रामीणों और विद्युत उपभोक्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित मांगपत्र नायब तहसीलदार अनिल तिवारी को सौंपते हुए 15 दिनों के भीतर समस्याओं के समाधान की मांग की। चेतावनी दी गई कि यदि निर्धारित अवधि में ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्रवासी शासन से अनुमति लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगे।
ज्ञापन में कहा गया है कि पचलड़ी फीडर से 104 गांवों को विद्युत आपूर्ति की जाती है, लेकिन लगभग 50 वर्ष पुराने इस फीडर की व्यवस्था पूरी तरह जर्जर हो चुकी है। अधिकांश पोल, तार, ज्वाइंटर और अन्य उपकरण अपनी उपयोगिता खो चुके हैं। कई स्थानों पर पोलों के बीच अत्यधिक दूरी होने के कारण हल्की हवा या बारिश में ही एलटी और हाईटेंशन लाइनें टूटकर गिर जाती हैं, जिससे घंटों तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहती है। ग्रामीणों का आरोप है कि पूरे फीडर की जिम्मेदारी मात्र चार एसएसओ और आठ संविदाकर्मियों के भरोसे है। कर्मचारियों की कमी के चलते फाल्ट ठीक करने और बिजली बहाल करने में काफी विलंब होता है। वहीं इनकमिंग एवं आउटगोइंग उपकरण भी वर्षों से नहीं बदले गए हैं, जिसके कारण तकनीकी खराबियां लगातार बनी रहती हैं। मांगपत्र में यह भी उल्लेख किया गया कि विद्युत लाइनों के आसपास उगे पेड़-पौधों की समय पर कटाई-छंटाई न होने से फाल्ट की घटनाएं बढ़ रही हैं। शासन द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिदिन 18 घंटे विद्युत आपूर्ति का निर्देश होने के बावजूद उपभोक्ताओं को निर्धारित समय के अनुसार बिजली नहीं मिल पा रही है। उपभोक्ताओं ने मुख्यमंत्री से जर्जर तारों और पुराने उपकरणों को तत्काल बदलने, अतिरिक्त पोल लगाने, कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने, फीडर पर सक्षम अधिकारियों की तैनाती सुनिश्चित करने, प्रत्येक तीन किलोमीटर पर ज्वाइंटर फ्यूज लगाने तथा विभाग को आवश्यक वित्तीय संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की है। साथ ही कार्यों की निष्पक्ष एवं पारदर्शी निगरानी के लिए किसी अन्य विभाग के सक्षम अधिकारी को जिम्मेदारी सौंपने का भी अनुरोध किया गया है। ज्ञापन सौंपने के दौरान पूर्व विधायक अनुग्रह नारायण सिंह, गगन सिंह, संजू सिंह, कमलेश सिंह, देवेन्द्र यादव, सच्चितानंद यादव, राहुल यादव, बृजराज सिंह, रामनवल गुप्ता, असविंद श्रीवास्तव, सुबेदार सिंह, बेचन यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं विद्युत उपभोक्ता मौजूद रहे।


